
DigiLocker से मार्कशीट की PDF निकालने के लिए अपना बोर्ड या विश्वविद्यालय चुनें, सही परीक्षा विवरण भरें और मिला दस्तावेज Issued Documents में खोलें। केवल अकाउंट बना लेने से हर संस्थान की मार्कशीट अपने आप दिखाई नहीं देती।
रिकॉर्ड नहीं मिल रहा हो तो पहले सही संस्था, दस्तावेज का प्रकार और परीक्षा वर्ष जाँचें। नीचे दिए कदम यह पहचानने में मदद करेंगे कि गलती दर्ज जानकारी में है या संस्था का रिकॉर्ड अभी उपलब्ध नहीं है।
किन जानकारियों की जरूरत होगी?
- बोर्ड या विश्वविद्यालय का पूरा नाम।
- दस्तावेज का प्रकार: दसवीं, बारहवीं, डिग्री या सेमेस्टर की मार्कशीट।
- रोल नंबर/पंजीकरण संख्या और परीक्षा वर्ष।
- मूल रिकॉर्ड पर दर्ज नाम और पोर्टल पर माँगी गई अन्य जानकारी।
एक बोर्ड के PIN या रोल नंबर का तरीका सभी विश्वविद्यालयों पर लागू न करें। जिस संस्था का रिकॉर्ड माँग रहे हैं, उसी के फॉर्म में दिए निर्देश पढ़ें।
मार्कशीट डाउनलोड करने के कदम
- आधिकारिक DigiLocker वेबसाइट या ऐप में अपने अकाउंट से प्रवेश करें।
- Browse/Search Documents में Education श्रेणी खोलें और अपना बोर्ड/विश्वविद्यालय चुनें।
- सही दस्तावेज का प्रकार चुनें।
- रोल नंबर, परीक्षा वर्ष और माँगे गए विवरण भरें।
- सहमति देकर Get Document चुनें।
- मिला दस्तावेज Issued Documents में खोलकर PDF डाउनलोड करें।
फाइल खुलने पर नाम, परीक्षा वर्ष और सभी पेज जाँचें। स्क्रीन का फोटो लेने और असली PDF डाउनलोड करने में अंतर है; आवेदन के लिए माँगे गए प्रारूप में ही दस्तावेज दें।
रिकॉर्ड न मिले तो वजह कैसे पहचानें?
| समस्या | क्या जाँचें |
|---|---|
| संस्था का नाम नहीं मिल रहा | पूरा नाम, Education श्रेणी और संस्था का DigiLocker पर रिकॉर्ड प्रकाशित होना। |
| संस्था है, मार्कशीट नहीं मिली | रोल नंबर, वर्ष, सेमेस्टर और दस्तावेज का सही प्रकार। |
| नाम या अंक गलत हैं | मूल रिकॉर्ड से मिलान करके संस्था से सुधार की प्रक्रिया। |
NAD के अनुसार संबंधित संस्था का डेटा प्रकाशित होने के बाद ही वह खोज में उपलब्ध होता है। इसलिए नया अकाउंट बार-बार बनाने से अप्रकाशित रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं हो जाता।
उदाहरण के लिए, आप बारहवीं का दस्तावेज खोज रहे हैं लेकिन दसवीं की मार्कशीट का विकल्प खुला है, तो सही रोल नंबर होने पर भी गलत परिणाम मिल सकता है। पहले दस्तावेज का नाम देखें, फिर जानकारी भरें।
जारी दस्तावेज और खुद अपलोड किए scan में अंतर
Issued Documents में संस्था से प्राप्त डिजिटल रिकॉर्ड होता है। स्वयं अपलोड किया scan उससे अलग है। Scan अपलोड करने से वह बोर्ड द्वारा जारी डिजिटल प्रमाणपत्र नहीं बन जाता।
डिजिटल रिकॉर्ड का रूप कागज वाले प्रमाणपत्र से अलग हो सकता है। केवल डिजाइन अलग होने पर उसे गलत न मानें; जारी करने वाली संस्था और दर्ज जानकारी जाँचें। दस्तावेज की स्वीकार्यता के लिए संबंधित भर्ती या प्रवेश की शर्तें भी पढ़ें।
सुधार या सहायता कहाँ लें?
नाम, अंक या दूसरे शैक्षणिक विवरण में गलती हो तो PDF खुद बदलने के बजाय बोर्ड/विश्वविद्यालय से सुधार कराएँ। रिकॉर्ड की शुद्धता संबंधित संस्था की जिम्मेदारी है।
तकनीकी समस्या के लिए DigiLocker Helpdesk पर अनुरोध दर्ज करें। वहाँ email से प्रवेश और OTP के विकल्प हैं; सहायता के लिए helpdesk@negd.in भी दिया है।
अनुरोध में संस्था का नाम, दस्तावेज, परीक्षा वर्ष और त्रुटि का स्पष्ट विवरण रखें। Screenshot में अनावश्यक निजी जानकारी छिपाएँ। मांगा गया संवेदनशील प्रमाण केवल आधिकारिक सहायता माध्यम पर दें, सार्वजनिक comments में नहीं।
जरूरी सवाल
क्या हर पुरानी मार्कशीट DigiLocker पर मिलेगी?
यह संबंधित संस्था और उपलब्ध प्रकाशित रिकॉर्ड पर निर्भर है। केवल DigiLocker अकाउंट होने से सभी वर्षों का डेटा मिलना सुनिश्चित नहीं होता।
क्या मार्कशीट का PDF खुद ठीक कर सकते हैं?
नहीं। मूल रिकॉर्ड में सुधार के लिए जारी करने वाली संस्था से संपर्क करें।
नौकरी के फॉर्म में दस्तावेज लगाने से पहले आवेदन जाँच सूची से नाम और फाइलों का मिलान कर लें।
आधिकारिक स्रोत
DigiLocker NAD FAQ · DigiLocker सहायता · CBSE Academic Repository
